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नियोक्ताओं द्वारा अब पंजीकरण और अनुज्ञप्ति के लिये ऑनलाइन आवेदन करना अनिवार्य

सरकार के भारत को डिजिटल इंडिया बनाने के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुये जिसमें कि विभिन्न सरकारी सेवाओं को नागरिकों को इलेक्ट्रानिक माध्यम से उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जा रहा है और सरकारी व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही ला कर के विश्वास पर आधारित कुशल नागरिक सेवाएं प्रदान करने के लिये श्रम एवं रोजगार मंत्रालय ने श्रम सुविधा पोर्टल के जरिये पंजीकरण और अनुज्ञप्ति देने की प्रक्रिया को अनिवार्य रूप से ऑनलॉइन बनाने की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी है ये सेवायें इस इन कानूनों के तहत दी जाती हैं 1. 1970 का अनुबंध श्रम (नियमन एवं निरस्तीकरण) कानून (1970 का 37वां कानून), 2. 1979 का अंतर-राज्यीय प्रवासी कामगार (रोजगार एवं कार्य की शर्तों का नियमन) कानून (1979 का 30वां कानून), और 3. 1996 का भवन एवं अन्य निर्माण कामगार (रोजगार एवं कार्य की शर्तों का नियमन) (1996 का 27वां कानून)।
4 सितंबर 2018 को जारी अधिसूचना संख्या जी.एस.आर 830(ई) के अनुसार अब नये संशोधित 'भवन एवं अन्य निर्माण कामगार (रोजगार एवं कार्य की शर्तों का नियमन) केंद्रीय (संशोधन) कानून, नियम, 2018' के अनुसार अब नियोक्ताओं को प्रतिष्ठान के पंजीकरण का प्रमाण पत्र प्राप्त करने के लिये अनिवार्य रूप से श्रम सुविधा पोर्टल पर ऑनलॉइन आवेदन करना होगा और पोर्टल के जरिये ही इसे नियोक्ताओं को जारी किया जायेगा।

अनुबंध श्रम (नियमन एवं निरस्तीकरण) केंद्रीय नियम, 1971 को संशोधित करने के नियमों के मसौदे और अंतर-राज्यीय प्रवासी कामगार (रोजगार एवं कार्य की शर्तों का नियमन) केंद्रीय नियम, 1980 के तहत पंजीकरण प्रमाण पत्र और अनुज्ञप्ति जारी करने के लिये श्रम सुविधा पोर्टल पर आनलाइन आवेदन करने संबंधी नियमों को 4 सितंबर 2018 को भारत के राजपत्र में अधिसूचना संख्या जी.एस.आर 829(ई) और जी. एस. आर 830(ई) के जरिये प्रकाशित कर दिया गया है।
इसके अलावा 4 सितंबर 2018 को भारत के आधिकारिक राजपत्र में प्रकाशित अधिसूचना संख्या एस. ओ. 4259(ई) और एस. ओ. 4260(ई) के अनुसार जब तक कि मसौदा नियमों को अंतिम रूप ना दिया जाये तब तक पंजीकरण एवं अनुज्ञप्ति के लिये श्रम सुविधा पोर्टल के जरिये ही आनलाइन आवेदन करना अनिवार्य कर दिया गया है।
इसके अलावा हाल ही में प्रकाशित अधिसूचनाओं के अनुसार उपरोक्त तीन कानूनों के अंतर्गत जमा किया जाने वाला पंजीकरण एवं अनुज्ञप्ति शुल्क एवं सुरक्षा राशि अब केवल इ-भुगतान के जरिये ही जमा की जा सकेगी।